top of page
Profile
Join date: Dec 25, 2024
About
0 likes received
0 comments received
0 best answers
Posts (2)
Mar 23, 2026 ∙ 2 min
बस स्टैंड की वह बच्ची…
लोभ में इतना मत लो कि किसी और का हिस्सा भी छीन लो। क्योंकि असली संपत्ति धन नहीं, वो संवेदना है… जो भूख में भी बाँटना जानती है।
4
0
3
Dec 24, 2024 ∙ 3 min
तीसरी गलती
ललिता सिंह टूर पर जाने के लिए समीरा ने सारी तैयारी कर ली थी। उसने दो बैग में सारा सामान भर लिया। बेटी को पैकिंग करते देख नीला ने पूछा, "इस बार कुछ ज्यादा सामान नहीं ले जा रही हो?" "हां मां, ज्यादा तो है," गंभीर स्वर में समीरा ने कहा। अपने जुड़वां भाई अतुल, भाभी रेखा को बाय कहकर, उदास आंखों से मां को देखती हुई समीरा निकल गई। 10 मिनट बाद ही समीरा ने नीला को फोन किया, "मां, एक पत्र लिखकर आपकी अलमारी में रख आई हूं। जब समय मिले, पढ़ लेना।" इतना कहकर उसने फोन काट दिया।
9
0
2
ललिता सिंह
Writer
Writer
More actions
bottom of page