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ईश्वर क्या है?
मुकेश ‘नादान’ नरेंद्र प्रात: सायं भजन करने बैठ जाते, ईश्वर का नाम लेते, उन्हें स्मरण करते। एक दिन उनके पिता ने उनकी परीक्षा लेनी चाही तो...
Rachnakunj .
Aug 27, 20232 min read


गुरु की उदासी
मुकेश ‘नादान’ एक दिन श्रीरामकृष्ण भक्त के स्वभाव को चातक का दृष्टांत देकर समझा रहे थे, “चातक जिस प्रकार अपनी प्यास बुझाने के लिए बादल की...
Rachnakunj .
Aug 18, 20232 min read


सच्चा गुरु
मुकेश ‘नादान’ नरेंद्र की उस समय जो मन:स्थिति थी, उसके विषय में स्वामी सारदानंद ने अपने ग्रंथ 'श्रीरामकृष्ण लीला प्रंग' में लिखा है, “मैं...
Rachnakunj .
Aug 6, 20232 min read


सच्चे गुरु की तलाश
मुकेश ‘नादान’ सन् 1881 की बात है। नवंबर का महीना था, ठंड भी अपना भरपूर असर दिखा रही थी। एक दिन श्रीरामक्रृष्ण परमहंस आमंत्रण पर...
Rachnakunj .
Jul 29, 20233 min read


सत्य की खोज
मुकेश ‘नादान’ बात उस समय की है जब नरेंद्र ने सत्य की खोज में न जाने कितनी ही पुस्तकें पढ़ डाली थीं। वे अपने अध्ययन से किसी उद्देश्य को...
Rachnakunj .
Jul 20, 20233 min read


दंड का अधिकारी
मुकेश ‘नादान’ नरेंद्र की प्रारंभिक शिक्षा घर पर रहते हुए ही एक निजी अध्यापक के दूबारा शुरू हुई। कुछ समय बाद उनका दाखिला मेट्रोपोलिटन...
Rachnakunj .
Jul 7, 20232 min read


शिक्षक का कोप
मुकेश ‘नादान’ नरेंद्र बहुत ही निर्भीक तथा दृढ़ संकल्प वाला बालक था। उनकी इच्छा के विरूद्ध उनसे कार्य करवाना मानो लोहे के चने चबाने जैसा...
Rachnakunj .
Jun 28, 20232 min read


पढ़ने का अलग ढंग
मुकेश ‘नादान’ यह कथा उस समय की है जब नरेंद्रनाथ विद्यालय के लिए पाठशाला में भरती हुए थे। पाठशाला जाने के पहले दत्त-वंश के कुल पुरोहित ने...
Rachnakunj .
Jun 20, 20233 min read


नानी का घर
मुकेश ‘नादान’ नरेंद्र का शरीर इतना हृष्ट-पुष्ट था कि वे सोलह वर्ष की आयु में बीस वर्ष के लगते थे। इसका कारण था नियमित रूप से व्यायाम...
Rachnakunj .
Jun 1, 20232 min read


भविष्यवाणी
मुकेश ‘नादान’ यह घटना सन् 1877 की है, जब नरेंद्र अपने पिता के पास रायपुर चले आए थे। इस समय नरेंद्र पेट की बीमारी से पीडित थे। उन दिनों...
Rachnakunj .
Apr 27, 20232 min read


विवेकानंद का जन्म
मुकेश ‘नादान’ इस संसार में समय-समय पर अनेक महापुरुषों ने जन्म लिया। इन महापुरुषों में स्वामी विवेकानंद का नाम अग्रिम पंक्ति में लिया जाता...
Rachnakunj .
Apr 7, 20232 min read


उपन्यास सम्राट प्रेमचंद
धनपत राय श्रीवास्तव, जो प्रेमचंद नाम से जाने जाते हैं, का जन्म ३१ जुलाई १८८० को वाराणसी जिले (उत्तर प्रदेश) के लमही गाँव में हुआ था। वो...
Rachnakunj .
Dec 18, 20227 min read
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