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बेशर्म
लक्ष्मी कुमावत मां जी आपका बेटा बिगड़ा हुआ था तो उसे सुधारती, ना कि उसकी शादी करवाती। "बहु रात के 11:00 बज रहे हैं। रोहन अभी तक घर पर...
लक्ष्मी कुमावत
Mar 12, 20248 min read


आय लव यू!
निरजंन धुलेकर रोज़ दोपहर के खाने में बाबू एक डिश तो मेरी पसंद की ज़रूर बनाती है। कभी पंच मिसली दाल, भरवां टिंडा आलू दम, मटर बड़ी, आलू काजू...
निरजंन धुलेकर
Mar 10, 20243 min read


मित्रता हो तो ऐसी
प्रकाश लाल शर्मा शाम का अंधेरा घिर आया था। छड़ी टेकते हुए वृद्ध बनवारीलाल जी. एम. यानि जनरल मैनेजर साहब के बंगले के सामने आकर रुक गए। वे...
प्रकाश लाल शर्मा
Mar 9, 20249 min read


सिलाई मशीन
दीपचंद अपनी मां को खुश देखकर रीतू ने हैरानी से पूछा, “क्या हुआ मां आज महीनों बाद आपके चेहरे पर ये मुस्कुराहट दिखाई दी, वरना पापा के चले...
दीपचंद
Mar 8, 20245 min read


अनजान यात्री
दीपक गौतम गौरी का रिजर्वेशन जिस बोगी में था, उसमें लगभग सभी लड़के ही थे। टॉयलेट जाने के बहाने गौरी पूरी बोगी घूम आई, मुश्किल से दो या तीन...
दीपक गौतम
Mar 6, 20242 min read


बस अब और नहीं
सुषमा यादव सुमन आज सुबह से ही फिर चुपके-चुपके सुबक रहीं थीं। उनके पति केशव आये और बोले, कितनी बार तुम्हें समझाया, पर तुम मेरी एक नहीं...
सुषमा यादव
Mar 4, 20243 min read


मुझे मीठा पसंद नहीं
अनिता मनोज नए शहर में व्यवस्थित होना तभी पूर्ण माना जाता है जब अच्छी कामवाली मिल जाए। सोनल की तलाश भी आख़िरकार पूरी हो ही गई। घर की...
अनिता मनोज
Mar 4, 20244 min read


पुनर्जन्म
राम प्रिया शास्त्री एक चोर ने राजा के महल में चोरी की। सिपाहियों को पता चला तो उन्होंने उसके पदचिह्नों का पीछा किया। पीछा करते-करते वे...
राम प्रिया शास्त्री
Feb 28, 20244 min read


जीवनसाथी
रमाशंकर चतुर्वेदी बाहर हो रही बरसात की गडगडाहट से कविता का दिल जोरों से धडक रहा था। वह तेजी से बर्तन और किचन साफ करते हुए अपनी मालकिन...
रमाशंकर चतुर्वेदी
Feb 28, 20242 min read


जादुई पतीला
विनीता पैंगेनी सालों पहले पीतल नगर में किशन नाम का एक किसान रहता था। वह गाँव के एक ज़मींदार के खेत पर काम करके किसी तरह अपना घर चला रहा...
विनीता
Feb 25, 20243 min read


शरणागत
वृंदावनलाल वर्मा रज्जब कसाई अपना रोजगार करके ललितपुर लौट रहा था। साथ में स्त्री थी, और गाँठ में दो सौ-तीन सौ की बड़ी रकम। मार्ग बीहड़ था,...
वृंदावनलाल वर्मा
Feb 25, 20248 min read


निर्मला
रमाकांत चतुर्वेदी भाईयों ने दूसरी शादी की राय दी मगर उन्हेानें तीन बच्चों का हवाला देकर इंकार कर दिया। उनके लिए तीन बच्चों की परवरिश ही...
रमाकांत चतुर्वेदी
Feb 25, 20242 min read


नया सवेरा
संदीप तोमर अलका सिंह मायके में जितनी सबकी प्रिय थी, उतनी ही प्रिय ससुराल में भी थी। ससुर योगेन्द्र प्रताप उसे बेटी सा सम्मान और दुलार...
संदीप तोमर
Feb 22, 20244 min read


लालची मिठाई वाला
अंकिता मिश्रा दिनपुर गांव में सोहन नाम का हलवाई रहता था। वह खूब बढ़िया और स्वादिष्ट मिठाइयां बनाने के लिए जाना जाता था। इसी वजह से उसकी...
अंकिता मिश्रा
Feb 21, 20243 min read


रोशनी में कैद अंधेरा
मिट्ठू मिंटू बन गया। डॉ जहान सिंह ‘जहान’ तोता काशीराम 30 साल जंगल में मुनीम की नौकरी करके सेवानिवृत्त हो गया था। वह अपनी पत्नी झुमकी...
डॉ. जहान सिंह “जहान”
Feb 21, 20243 min read


रक्षा
वृंदावनलाल वर्मा मुहम्मदशाह औरंगजेब का परपोता और बहादुरशाह का पोता था। 1719 में सितंबर में गद्दी पर बैठा था। सवाई राजा जयसिंह के प्रयत्न...
वृंदावनलाल वर्मा
Feb 17, 202417 min read


मातृ दिवस
यायावर गोपाल खन्ना मैं तो कहूंगा माता-पिता के लिए तो हर दिन समर्पित है। जब ये शरीर ही माता पिता का दिया हुआ है तो उनको किसी खास दिन से...
यायावर गोपाल खन्ना
Feb 11, 20242 min read


देश का कर्ज
प्रवीण केट समर्थ :- प्रज्ञा प्लीज! मुझे मेरा काम करने दो, मुझे परेशान मत करो। ऐसी फालतू बाते सुनने के लिए मेरे पास तुम्हारे जैसा फालतू...
प्रवीण केट
Feb 9, 20244 min read


अपना फर्ज
रमाकांत अवस्थी ये क्या कर रही हो निशा तुम। अपनी पत्नी निशा को कमरे में एक और चारपाई बिछाते देख मोहन ने टोकते हुए कहा। निशा, मां के लिए...
रमाकांत अवस्थी
Feb 9, 20242 min read
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