top of page
OUR BLOGS


नरेंद्र का प्रश्न
अपने समाधान में विफल नरेंद्र फिर कोलाहलयुक्त महानगरी के एक कोने में स्थित अपने घर लौट आए। महर्षि के इस उत्तर से उनकी जिज्ञासा नहीं मिटी। इसके बाद दूसरे किसी धर्मगुरु के समक्ष भी उन्होंने यही एक प्रश्न रखा- क्या आपने भगवान् को देखा है?" किंतु सभी मौन रहे। किसी के पास भी नरेंद्र के प्रश्न का उत्तर नहीं था।
मुकेश ‘नादान’
Sep 232 min read


पिता की दौलत
यह कहानी एक गहरी भावनात्मक और जीवन-मूल्य से भरी सामाजिक सच्चाई को उजागर करती है। कहानी की शुरुआत एक गांव में अकेले रह रहे बूढ़े पिता की मृत्यु से होती है। उनके दोनों बेटे, जो रोज़गार और भविष्य के लिए अलग-अलग शहरों में बस चुके थे, पिता के अंतिम संस्कार के लिए गांव आते हैं। सारे धार्मिक और सामाजिक कर्मकांड पूरे हो जाते हैं। गांव के कुछ लोग जा चुके होते हैं और कुछ अभी बैठे होते हैं, तभी बड़े भाई की पत्नी अपने पति के कान में कुछ फुसफुसाती है।
इसके बाद बड़े भाई अपने छोटे भाई को भी
श्रद्धा पटेल
Jan 23 min read


कफ़न
प्रेमचंद की प्रसिद्ध कहानी “कफ़न” भारतीय ग्रामीण समाज की कठोर सच्चाइयों, गरीबी, संवेदनहीनता और सामाजिक व्यवस्था की विडंबना को उजागर करती है। कहानी के मुख्य पात्र घीसू और माधव हैं, जो बाप–बेटा हैं और अत्यंत निर्धन तथा कामचोर स्वभाव के हैं। वे समाज के हाशिए पर जीवन जीते हैं और मेहनत से दूर भागते हैं।
यह कहानी गरीबी से उपजे नैतिक पतन, सामाजिक अन्याय और मानवीय मूल्यों के क्षरण पर तीखा व्यंग्य करती है।
पूरी कहानी जानने के लिए पढ़ें : प्रेमचंद की लिखी कहानी कफ़न ?
प्रेमचंद
Jan 210 min read
bottom of page